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कटनी। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा (RPVM) के बैनर तले सोमवार को मिशन चौक कटनी में कार्यकर्ताओं ने जनगणना के प्रथम चरण में ओबीसी वर्ग के आंकड़े अलग से दर्ज नहीं किए जाने के विरोध में प्रदर्शन किया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने महामहिम राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन कटनी एसडीएम को सौंपकर अपनी मांगों से अवगत कराया।
मोर्चा के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि वर्ष 2027 की राष्ट्रीय जनगणना के प्रथम चरण “हाउस लिस्टिंग” में परिवार की सामाजिक श्रेणी दर्ज करने के लिए केवल अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) एवं अन्य (Others) का विकल्प दिया गया है, जबकि अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए अलग से कोई विकल्प नहीं रखा गया है। इससे ओबीसी समाज की वास्तविक जनसंख्या और सामाजिक स्थिति के आंकड़े सामने नहीं आ पाएंगे।
ज्ञापन में मांग की गई कि जनगणना प्रक्रिया में ओबीसी वर्ग के लिए अलग से विकल्प जोड़ा जाए, ताकि इस वर्ग के आंकड़े पृथक रूप से दर्ज हो सकें और उन्हें न्याय मिल सके।
इसके साथ ही ज्ञापन में डिजिटल माध्यम से की जा रही जनगणना प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए गए। मोर्चा के प्रतिनिधियों ने कहा कि HLO ऐप के माध्यम से एकत्रित की जाने वाली जानकारी का कोई भौतिक रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं होगा, जिससे आंकड़ों की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर संदेह उत्पन्न हो सकता है। उन्होंने मांग की कि जनगणना के आंकड़ों के भौतिक सत्यापन की पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र विचार नहीं किया गया तो देशव्यापी चरणबद्ध आंदोलन चलाया जाएगा तथा आवश्यकता पड़ने पर भारत बंद का आह्वान भी किया जा सकता है।
इस दौरान बड़ी संख्या में मोर्चा के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
