Katni Agri Market Faces Serious Neglect: Is the Market Officer Concerned Only About the Office Premises?

कटनी। कुठला स्थित कृषि उपज मंडी में सफाई व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। मंडी परिसर में प्रतिदिन सैकड़ों किसान, मजदूर और व्यापारी पहुंचते हैं, लेकिन उनके लिए मूलभूत सुविधाएं बदहाल नजर आ रही हैं। आरोप है कि कृषि उपज मंडी अधिकारी का पूरा ध्यान केवल अपने कार्यालय परिसर को साफ-सुथरा रखने तक सीमित है, जबकि मंडी के शेष हिस्से गंदगी, कचरे और अव्यवस्थाओं से जूझ रहे हैं।
मंडी में मौजूद मजदूरों का कहना है कि कार्यालय के आसपास सफाई दिखाई देती है, लेकिन जहां किसान अपनी उपज लेकर आते हैं और मजदूर दिनभर मेहनत करते हैं, वहां सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। उनका आरोप है कि लाखों रुपये का सफाई ठेका होने के बावजूद उसका लाभ मंडी परिसर में कहीं नजर नहीं आता।
मजदूरों ने बताया कि मंडी परिसर का ऐसा कोई कोना नहीं बचा है जहां किसी न किसी समस्या का सामना न करना पड़ रहा हो। जगह-जगह गंदगी, कचरे के ढेर और बदबू के बीच उन्हें काम करना पड़ता है। उनका कहना है कि ऐसा प्रतीत होता है मानो मंडी प्रशासन के लिए कार्यालय परिसर की सफाई ही प्राथमिकता है, जबकि किसानों, मजदूरों और आम नागरिकों की परेशानियों से कोई सरोकार नहीं है।
पेयजल व्यवस्था की स्थिति भी चिंताजनक बताई जा रही है। मजदूरों के अनुसार वर्षों से एक ही पुरानी पानी की टंकी से उन्हें पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। पानी की गुणवत्ता को लेकर लगातार शिकायतें होने के बावजूद कोई सुधार नहीं किया गया। मजबूरी में मजदूर उसी पानी का उपयोग करने को विवश हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि लाखों रुपये की राशि सफाई व्यवस्था पर खर्च की जा रही है, तो उसका असर पूरे मंडी परिसर में दिखाई देना चाहिए, न कि केवल अधिकारियों के कार्यालय तक सीमित रहना चाहिए। लोगों ने मांग की है कि मंडी परिसर की सफाई व्यवस्था, पेयजल सुविधा और सफाई ठेके की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा यदि लापरवाही पाई जाती है तो जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए।
(समाचार में वर्णित आरोप मजदूरों और स्थानीय लोगों के बयानों पर आधारित हैं। कृषि उपज मंडी अधिकारी का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)
