
कटनी। ग्राम पंचायत तिलगवां में पंचायत के सरपंच-सचिव द्वारा कथित रूप से बिना कार्य कराए शासकीय राशि निकालने तथा फर्जी बिलों के माध्यम से भुगतान किए जाने का मामला सामने आया है। मामले को लेकर ग्राम पंचायत तिलगवां के उपसरपंच सुनील ने कलेक्टर कटनी को लिखित शिकायत सौंपकर पूरे प्रकरण की जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मुक्तिधाम की तार-बाउंड्री के कार्य के नाम पर करीब दो लाख रुपये तक की राशि निकाली गई, जबकि मौके पर संबंधित कार्य नहीं कराया गया। शिकायतकर्ता ने इस संबंध में बिल और फोटो को प्रमाण के रूप में संलग्न किए जाने का उल्लेख किया है।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि विधायक निधि से बिना कार्य कराए करीब 1.50 लाख से दो लाख रुपये तक की राशि निकाली गई। शिकायतकर्ता के अनुसार मौके पर केवल 100-200 ईंटें तथा करीब 50-100 फीट रेत एवं गिट्टी दिखाई देती है, जबकि स्वीकृत कार्य के अनुरूप निर्माण कार्य नहीं कराया गया है। इस संबंध में भी बिल एवं फोटो उपलब्ध होने की बात शिकायत में कही गई है।
परिवार के सदस्य के नाम भुगतान का भी आरोप
शिकायतकर्ता ने सरपंच-सचिव पर अन्य फर्जी बिल तैयार कर परिवार के भाई के नाम से भुगतान निकालने का भी आरोप लगाया है। शिकायत में पंचायत के वित्तीय लेन-देन और संबंधित बिलों की जांच कर वास्तविक स्थिति सामने लाने की मांग की गई है।
पंचायत भंग करने और एफआईआर की मांग
शिकायतकर्ता ने कलेक्टर से पूरे मामले की मौके पर जांच कराने, पंचायत के कार्यों एवं भुगतान संबंधी दस्तावेजों का सत्यापन कराने तथा आरोप सही पाए जाने पर पंचायत के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही सरपंच-सचिव के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर उचित कानूनी कार्रवाई किए जाने का भी अनुरोध किया गया है।
शिकायत के साथ ग्राम पंचायत तिलगवां के बिल तथा बिना कार्य किए जाने के आरोप से संबंधित फोटो संलग्न किए जाने की जानकारी दी गई है। अब देखना होगा कि प्रशासनिक जांच में शिकायत में लगाए गए आरोप कितने सही पाए जाते हैं और पंचायत के रिकॉर्ड की जांच के बाद क्या कार्रवाई होती है।
