VB–G RAM G बिल से ग्रामीण भारत को मिलेगा सम्मानजनक रोजगार, 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य :

भारतीय जनता पार्टी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में Viksit Bharat – Guarantee for Rojgar and Aajeevika Mission (Gramin) यानी VB–G RAM G बिल को ग्रामीण भारत के लिए ऐतिहासिक कदम बताया गया। भाजपा नेताओं ने कहा कि यह कानून हर गरीब को रोजगार और सम्मान देने की गारंटी देता है तथा विकसित भारत 2047 के राष्ट्रीय संकल्प को साकार करने की दिशा में मजबूत आधार बनेगा।पत्रकार वार्ता में कहा गया कि यह बिल महात्मा गांधी की सोच और रामराज्य की भावना के अनुरूप लाया गया है, ताकि गरीब, जनजातीय और पिछड़े वर्गों को आत्मनिर्भर बनाया जा सके।
125 दिन रोजगार की गारंटी, ST श्रमिकों को अतिरिक्त लाभनई योजना के तहत हर ग्रामीण परिवार को प्रति वर्ष 125 दिन रोजगार देने की गारंटी होगी। वहीं वन क्षेत्रों में कार्यरत अनुसूचित जनजाति (ST) श्रमिकों को 25 दिन अतिरिक्त रोजगार मिलेगा। मजदूरी भुगतान को तेज करते हुए हर सप्ताह भुगतान का प्रावधान किया गया है, जबकि मनरेगा में भुगतान 15 दिन में होता था।मनरेगा पर सबसे अधिक खर्च मोदी सरकार के कार्यकाल मेंभाजपा नेताओं ने बताया कि मनरेगा पर अब तक 11.74 लाख करोड़ रुपये खर्च किए गए, जिनमें से 8.53 लाख करोड़ रुपये मोदी सरकार के कार्यकाल में खर्च हुए हैं।
इससे स्पष्ट है कि केंद्र सरकार ने ग्रामीण रोजगार को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है।ग्रामीण भारत बदला, इसलिए कानून में बदलाव जरूरीवक्ताओं ने कहा कि वर्ष 2005 में मनरेगा शुरू होने के समय ग्रामीण परिस्थितियाँ अलग थीं।2011–12 में ग्रामीण गरीबी 25.7 प्रतिशत थी, जो 2023–24 में घटकर 4.86 प्रतिशत रह गई है। कनेक्टिविटी और आजीविका के साधनों में वृद्धि के चलते पुराने ओपन-एंडेड मॉडल को बदलकर 2025 की जरूरतों के अनुरूप नया ढांचा तैयार किया गया है।टेक्नोलॉजी से पारदर्शिता, फर्जीवाड़े पर रोकनई योजना में रियल टाइम डेटा अपलोड, GPS व मोबाइल मॉनिटरिंग और AI आधारित फ्रॉड डिटेक्शन जैसी व्यवस्थाएँ की गई हैं।
इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और वास्तविक लाभार्थियों को ही रोजगार मिलेगा।चार प्राथमिकताओं पर केंद्रित नया कानूनVB–G RAM G बिल का फोकस—जल संरक्षण और जल संबंधी कार्यकोर ग्रामीण बुनियादी ढांचे का निर्माणआजीविका से जुड़े संसाधनों का विकासखराब मौसम से रोजगार में आने वाली कमी को कम करनाइनसे कृषि, बाजार और ग्रामीण आय में सुधार होगा।बुआई–कटाई में 60 दिन कार्य स्थगननए कानून में बुआई और कटाई के मौसम में 60 दिन तक रोजगार कार्य बंद रखने का प्रावधान किया गया है, ताकि खेती के समय मजदूरों की कमी न हो। मनरेगा में ऐसा कोई प्रावधान नहीं था।
कांग्रेस पर नामकरण की राजनीति का आरोपभाजपा ने कांग्रेस पर योजनाओं और संस्थानों के नाम गांधी–नेहरू परिवार के नाम पर रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि लगभग 600 योजनाओं और संस्थानों का नाम एक ही परिवार से जोड़ा गया। वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसी भी योजना का नाम अपने नाम पर न रखकर उसे सेवा और कर्तव्य से जोड़ा है।न्याय व्यवस्था में भी सुधारपत्रकार वार्ता में बताया गया कि 2023 में भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम लागू कर औपनिवेशिक कानूनों को समाप्त किया गया, जिससे न्याय व्यवस्था को भारतीय स्वरूप मिला है।भाजपा नेताओं ने दावा किया कि चाहे कांग्रेस और इंडी गठबंधन कितना भी विरोध करें, भारत 2047 तक एक विकसित राष्ट्र बनकर रहेगा।
